KRIDA NEWS

KridaNews - Header
Breaking
🏏IPL 2026: MI vs CSK — बड़ा मुकाबला आज रात 7:30 बजे ◆ 🏆Neeraj Chopra ने नया राष्ट्रीय रिकॉर्ड बनाया ◆ 🏏Pro Kabaddi: Patna Pirates ने Bengaluru Bulls को हराया
KridaNews
India's Sports Voice
◆
खेल की दुनिया से सीधा आपके पास
SCORE
IND vs AUS 245/6 (45.3 ov) Live
|
MI vs CSK आज 7:30 PM Upcoming
|
LSG 172/4 (20.0) 1st Inn
|
RCB vs KKR कल 3:30 PM Tomorrow
|
Patna FC vs Sikkim XI 3 - 1 FT

Exclusive Interview with Vaibhav’s Coach: कैसे बिहार के छोटे शहर से IPL तक पहुंचे Vaibhav Suryavanshi, कोच मनीष ओझा ने सुनाए अनकहे किस्से

Exclusive Interview with Vaibhav's Coach: कैसे बिहार के छोटे शहर से IPL तक चमके Vaibhav Suryavanshi, कोच मनीष ओझा ने सुनाई अनकही कहानी

Exclusive Interview: बिहार का नन्हा सितारा वैभव सूर्यवंशी (Vaibhav Suryavanshi) आज पूरे देश का स्टार बन गया है। आईपीएल डेब्यू में वैभव ने बता दिया कि वो क्या कर सकता है। राजस्थान रॉयल्स की ओर से खेलते हुए उन्होंने अपने पहले ही मैच में लखनऊ सुपर जायंट्स के खिलाफ निडर अंदाज़ में बल्लेबाज़ी की और पहली ही गेंद पर शार्दुल ठाकुर जैसे अनुभवी ऑलराउंडर को छक्का जड़ दिया। सिर्फ 20 गेंदों में 2 चौके और 2 छक्कों की मदद से 34 रन बनाने वाले वैभव IPL के इतिहास में खेलने वाले सबसे कम उम्र के खिलाड़ी बन गए।

लोग 14 साल की उम्र में सोच भी नहीं सकते थे जहां पहुंचने का, वहां वैभव ने जाकर अपना परचम लहराया। पहले मैच में शानदार पारी खेलने के बाद दूसरे मैच में भी वैभव ने भुवनेश्वर कुमार को छक्का लगाकर सभी को खासा प्रभावित किया, लेकिन वो इस मैच में केवल 16 रन बनाकर ही आउट हो गए। हालांकि वैभव के जल्दी आउट हो जाने पर उनके बचपन के कोच ज्यादा मनीष ओझा ज्यादा परेशान नहीं है।

मनीष ने क्रीडा न्यूज से बात करते हुए बताया कि वो इससे खुश हैं कि वैभव अपना स्वाभाविक खेल नहीं छोड़ा है। वो इसी तरह से सफल हुआ और आगे भी जरूर सफल होगा। वैभव के बचपन के कोच ने इस स्टार खिलाड़ी के हुनर, क्रिकेटिंग जर्नी और संघर्ष के दिलचस्प किस्सों को शेयर किया। पेश है बातचीत का मुख्य अंश:

वैभव सूर्यवंशी कब आपके पास आया था?
वैभव मेरे पास 8-9 साल की उम्र में आया था। वो समस्तीपुर से अपने पापा के साथ ट्रेनिंग लेने आया था। पहली ही मुलाकात में वो कुछ अलग सा लगा।

पहली नजर में क्या खास देखा?
पहली ही बार देखकर समझ में आ गया कि ये लड़का खास है। उसकी बल्लेबाज़ी में एक अलग तरह की समझ थी। उम्र के हिसाब से काफी आगे खेलता था। तकनीक, टाइमिंग, सब कुछ कमाल का था। तभी लगा था कि मेहनत सही दिशा में होती रही, तो ये बच्चा बहुत आगे जाएगा।

कब लगा कि वैभव बड़े स्तर पर खेल सकता है?
करीब दो साल पहले हमें एहसास हुआ कि अब वैभव में कुछ एक्स्ट्रा है। 11-12 की उम्र में ही स्ट्रोक प्ले की मैच्योरिटी आने लगी थी। वो गेंदबाजों पर हावी रहता, अपने शॉट्स बिना डरे खेलता। अपने एज ग्रुप में वो सबसे आगे था। बाद में सीनियर लेवल पर भी उसी आत्मविश्वास के साथ खेलता रहा।

किस टूर्नामेंट ने बदल दी तस्वीर?
बिहार क्रिकेट एसोसिएशन की हेमन ट्रॉफी में उसकी परफॉर्मेंस ने सबका ध्यान खींचा। वीर प्रताप, साकिब हुसैन, अनुनय नारायण सिंह जैसे बेहतरीन गेंदबाज़ों के सामने उसने खुलकर बल्लेबाज़ी की और लगातार रन बनाए। उस टूर्नामेंट ने बता दिया कि ये बच्चा अब सीनियर क्रिकेट के लिए भी तैयार है।

वैभव को बाकियों से अलग क्या बनाता है?
उसकी तकनीक, गेम सेंस और आत्मविश्वास। सबसे बड़ी बात ये है कि वो किसी भी परिस्थिति में अपने स्वभाव को नहीं बदलता। आक्रामक अप्रोच, नई चीज़ें सीखने की ललक और हमेशा पॉजिटिव माइंडसेट यही उसे दूसरों से अलग बनाते हैं।

IPL डेब्यू से पहले क्या बात हुई थी?
मैच से पहले उसने कॉल कर बताया कि उसे मैच इम्पैक्ट प्लेयर के रूप में खेलने का मौका मिलेगा। उसके बाद मैंने सिर्फ इतना कहा कि जैसे अब तक खेलते आए हो, वैसे ही खेलो। ना क्राउड से डरना, ना माहौल से। क्रिकेट को क्रिकेट की तरह खेलो और उसने वही किया।

जब बल्लेबाज़ी करने उतरा, तब मन में क्या चल रहा था?
सच कहूं तो दिल ज़ोर-ज़ोर से धड़क रहा था। नर्वसनेस थी, दिमाग ब्लैंक था। सिर्फ यही दुआ कर रहे थे कि बच्चा अच्छा खेले। जब पहली गेंद पर छक्का मारा, तब जाकर थोड़ी राहत मिली और एक अलग सी खुशी हो रही है। उस समय मैं थोड़ा भावुक भी हो गया था।

उम्र को लेकर उठे सवालों पर क्या कहेंगे?

ये बात तो तय है कि वैभव 14 साल का ही है। उम्र को लेकर जो बातें हो रही हैं, वो निराधार हैं। बीसीसीआई के बोन टेस्ट ने यह बात पहले भी साबित हो चुका है। उसने अपनी उम्र का प्रमाण आईपीएल मैच में दे दिया। जब वो आउट होकर पवेलियन जा रहा था, तब उसके आंखों में आंसू थे। ये बच्चा तो अपना इमोशन छुपाना भी नहीं जानता है। वैसे भी भारत में 150 करोड़ लोग हैं, हर किसी को बोलने का हक है। लेकिन जो सच है वो सच है।

जल्द ही इंडिया के लिए भी खेलेगा

वैभव सूर्यवंशी, जिस तरह से आगे बढ़कर वो जल्द ही टीम इंडिया के लिए खेलेगा। वो भारतीय टीम के लिए टी20, वनडे और टेस्ट में महत्वपूर्ण खिलाड़ी साबित हो सकता है। उसमें वो जज्बा है जो उसे टीम इंडिया तक जरूर पहुंचाएगी।

कोच के तौर पर ये सफर आपके लिए क्या मायने रखता है?

मेरे लिए ये भावुक पल है। जब आप किसी बच्चे को 8 साल की उम्र से ट्रेनिंग देना शुरू करते हैं और वो IPL जैसी लीग में खेलता है तो इससे बड़ी खुशी और कुछ नहीं हो सकती। मुझे खुशी है कि वैभव इतना आगे तक पहुंचा और लगातार अच्छा प्रदर्शन कर रहा है। उम्मीद है कि वो इस प्रदर्शन को बरकरार रखे और देश का नाम रोशन करे।

12 साल की उम्र में रणजी डेब्यू करते हुए रचा था इतिहास

वैभव सूर्यवंशी का जन्म 27 मार्च 2011 को समस्तीपुर में हुआ था। जिसके बाद वो बहुत कम उम्र में ही क्रिकेट की बारीकियों से रूबरू हो गए। महज 12 साल की उम्र में रणजी ट्रॉफी में डेब्यू करते हुए इतिहास रच दिया था। वैभव ने बिहार के लिए खेलते हुए यह कारनामा किया। उसके बाद तो वैभव का यश बढ़ता ही चला गया। वैभव ने अब तक पांच प्रथम श्रेणी, छह लिस्ट ए और दो टी20 मैच खेला है। वहीं उसके अलावा दो आईपीएल का मैच भी खेल चुका है।

Read More

पटना जिला क्रिकेट लीग दिसंबर के दूसरे सप्ताह से होगी शुरू, 28-29 नवंबर को खिलाड़ियों का रजिस्ट्रेशन

पटना। पटना जिला क्रिकेट संघ की प्रबंधकीय कमेटी की बैठक में सत्र 2026-27 की जिला क्रिकेट लीग दिसंबर के दूसरे सप्ताह से शुरू कराने का निर्णय लिया गया. खिलाड़ियों के रजिस्ट्रेशन फॉर्म 28 और 29 नवंबर को जमा किए जाएंगे. बैठक की अध्यक्षता संघ के अध्यक्ष प्रवीण कुमार प्रणवीर ने विंध्यवासिनी कमर्शियल कॉम्प्लेक्स, आरके भट्टाचार्य रोड स्थित संघ कार्यालय में की.

संघ के सचिव सुनील कुमार उर्फ सुनील रोहित ने बताया कि आगामी सत्र की तैयारियां शुरू कर दी गयी हैं. बैठक के बाद विभिन्न क्लबों के बीच रजिस्ट्रेशन फॉर्म का वितरण भी किया गया. खिलाड़ियों के पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी होने के बाद दिसंबर के दूसरे सप्ताह से लीग मुकाबले शुरू होंगे.

तदर्थ कमेटी की कार्यप्रणाली पर जतायी नाराजगी

बैठक में बिहार क्रिकेट एसोसिएशन (बीसीए) की ओर से गठित तथाकथित तदर्थ पटना जिला क्रिकेट संघ (पीडीसीए) की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जतायी गयी. बैठक में शामिल पदाधिकारियों ने आरोप लगाया कि क्लबों के मामले में फर्जीवाड़ा किया जा रहा है. उन्होंने इस पर तत्काल रोक लगाने की मांग की.

पटना जिला क्रिकेट संघ के अध्यक्ष प्रवीण कुमार प्रणवीर ने कहा कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के चुनाव और जिला क्रिकेट संघों की व्यवस्था में बदलाव की प्रक्रिया चल रही है. उन्होंने दावा किया कि मतदाता सूची में गड़बड़ी के कारण बीसीए का वर्ष 2025 का चुनाव रद्द किया गया है और जिला संघों में मनमाने तरीके से गठित तदर्थ कमेटियों को भी अवैध माना गया है.

नए सिरे से होंगे जिला संघों के चुनाव

प्रवीण कुमार प्रणवीर के अनुसार, बिहार क्रिकेट एसोसिएशन और राज्य के जिला क्रिकेट संघों में नए सिरे से चुनाव कराये जाने हैं. बीसीए के संचालन और चुनाव प्रक्रिया के लिए पटना हाइकोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायाधीश अश्वनी कुमार सिंह को प्रशासक नियुक्त किये जाने की बात भी बैठक में कही गयी.

उन्होंने बताया कि चुनाव प्रक्रिया के तहत जिला क्रिकेट संघों से संबद्ध क्लबों का सत्यापन किया जाएगा. इसके बाद मतदाता सूची तैयार कर जिला संघों के चुनाव कराये जाएंगे. जिला संघों की चुनाव प्रक्रिया पूरी होने के बाद बिहार क्रिकेट एसोसिएशन का चुनाव कराया जाएगा. उन्होंने कहा कि पटना जिला क्रिकेट संघ की वर्ष 2023 में निर्वाचित प्रबंधकीय कमेटी इस प्रक्रिया में प्रशासक को पूरा सहयोग देगी.

खिलाड़ियों के चयन पर रोक नहीं

बैठक में बिहार क्रिकेट एसोसिएशन के प्रशासक की ओर से जारी मानक संचालन प्रक्रिया (एसओपी) का भी उल्लेख किया गया. संघ के पदाधिकारियों के अनुसार, एसओपी में स्पष्ट किया गया है कि निर्वाचित या समानांतर जिला क्रिकेट संगठन से जुड़े इच्छुक खिलाड़ी बीसीए की विभिन्न श्रेणियों में होने वाले चयन ट्रायल में हिस्सा ले सकते हैं. ऐसे खिलाड़ियों के चयन प्रक्रिया में शामिल होने पर कोई रोक नहीं है.

बैठक में जिला क्रिकेट लीग की तैयारियों, खिलाड़ियों के पंजीकरण और क्लबों से जुड़े विषयों पर चर्चा की गयी. बैठक के बाद उपस्थित क्लबों को रजिस्ट्रेशन फॉर्म उपलब्ध कराये गये, ताकि आगामी सत्र की प्रक्रिया समय पर पूरी की जा सके.

Read More

बिहार फुटबॉल एसोसिएशन का चुनाव एवं वार्षिक आम सभा पटना में सफलतापूर्वक संपन्न; जय बहादुर सिंह अध्यक्ष निर्वाचित

पटना, 25 अक्टूबर 2026: बिहार फुटबॉल एसोसिएशन (BFA) का चुनाव एवं उसके पश्चात वार्षिक आम सभा (AGM) का आयोजन 25 अक्टूबर 2026 को पटना में सफलतापूर्वक संपन्न हुआ। यह प्रक्रिया अखिल भारतीय फुटबॉल महासंघ (AIFF) द्वारा प्रतिनियुक्त अधिकारियों की देखरेख में संपन्न हुई।

चुनाव प्रक्रिया निर्वाचन पदाधिकारी श्री बैजू नाथ कुमार सिंह के पर्यवेक्षण में तथा AIFF द्वारा नियुक्त पर्यवेक्षक श्री हरेंद्र स्वैन के सहयोग से निर्धारित निर्वाचन प्रक्रिया के अनुसार संपन्न कराई गई।

चुनाव की प्रक्रिया पूर्ण होने के बाद बिहार फुटबॉल एसोसिएशन के संचालन एवं विकास की जिम्मेदारी निम्नलिखित निर्वाचित पदाधिकारियों एवं कार्यकारिणी समिति के सदस्यों को सौंपी गई।

नव निर्वाचित पदाधिकारी

अध्यक्ष: श्री जय बहादुर सिंह (एनआईएस कोच एवं पूर्व राष्ट्रीय खिलाड़ी)
उपाध्यक्ष: श्री अश्विनी खत्री
उपाध्यक्ष: श्री विकास कुमार (गोल्डी)
महिला उपाध्यक्ष: सुश्री प्रीति
कोषाध्यक्ष: श्री सत्येंद्र कुमार (पूर्व राष्ट्रीय खिलाड़ी)

कार्यकारिणी समिति के सदस्य

  • श्री शंकर कुमार सिंह
  • श्री दिवाकर कुमार (राष्ट्रीय रेफरी)
  • श्री राजीव कुमार रंजन
  • श्री सुनील कुमार प्रसाद
  • सुश्री पूजा जायसवाल
  • श्री चंदन कुमार सिंह
  • श्री संजय कुमार दयाल (SOM, पूर्व भारतीय खिलाड़ी)
  • सुश्री मधु कुमारी (SOM महिला, पूर्व भारतीय खिलाड़ी)
  • श्री संजीव कुमार (SPA, प्रतिष्ठित राष्ट्रीय खिलाड़ी)
  • सुश्री नेहा (SPA महिला, प्रतिष्ठित राष्ट्रीय खिलाड़ी)

महासचिव, सचिव एवं संयुक्त सचिवों की नियुक्ति
नवगठित आम सभा के गठन के पश्चात वार्षिक आम सभा की बैठक आयोजित की गई। बैठक में एसोसिएशन के सुचारु संचालन तथा बिहार में फुटबॉल के समग्र विकास को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से निम्नलिखित पदाधिकारियों की नियुक्ति की गई।

महासचिव: श्री श्याम बाबू सिंह
सचिव: श्री संतोष कुमार सिंह
संयुक्त सचिव:
श्री मनोज कुमार
श्री भवेश कुमार सिंह

बैठक में बिहार में फुटबॉल प्रशासन को सुदृढ़ करने, जिला फुटबॉल संघों के साथ बेहतर समन्वय स्थापित करने, जमीनी स्तर पर फुटबॉल को बढ़ावा देने तथा युवा एवं उभरते खिलाड़ियों को अधिक अवसर उपलब्ध कराने के प्रति एसोसिएशन की प्रतिबद्धता दोहराई गई।

नवनिर्वाचित नेतृत्व ने राज्य में फुटबॉल प्रतिभाओं की पहचान एवं उन्हें निखारने, संगठनात्मक ढाँचे को मजबूत करने, जमीनी स्तर पर फुटबॉल के विस्तार तथा राष्ट्रीय स्तर की प्रतियोगिताओं में बिहार की भागीदारी एवं प्रदर्शन को बेहतर बनाने के लिए सामूहिक रूप से कार्य करने का संकल्प व्यक्त किया।

बिहार फुटबॉल एसोसिएशन को विश्वास है कि नवगठित नेतृत्व के मार्गदर्शन में राज्य में फुटबॉल के विकास को नई गति मिलेगी। एसोसिएशन पारस्परिक सहयोग, पारदर्शिता, प्रभावी प्रशासन तथा राज्य के प्रत्येक क्षेत्र में फुटबॉल के समग्र विकास को प्राथमिकता देते हुए आगे बढ़ेगा।

Read More

आरव का ऑलराउंड प्रदर्शन, करुणा ने 77 रन से जीता मैच

पटना। बल्ले से अर्धशतक और गेंद से तीन विकेट। करुणा क्रिकेट एकेडमी के आरव कुमार चंद्रा ने अपने ऑलराउंड प्रदर्शन से द्वितीय विमला देवी मेमोरियल इंटर स्कूल अंडर-13 क्रिकेट टूर्नामेंट में शनिवार को टीम को शानदार जीत दिलाई। सीएबी ग्राउंड पर खेले गए प्री-क्वार्टरफाइनल मुकाबले में करुणा क्रिकेट एकेडमी ने मंत्रा स्पोटर्स एकेडमी को 77 रन से हराकर अगले दौर में प्रवेश किया।

सरदार पटेल स्पोटर्स फाउंडेशन की देखरेख में आयोजित टूर्नामेंट में टॉस जीतकर मंत्रा ने करुणा को पहले बल्लेबाजी के लिए आमंत्रित किया। करुणा ने निर्धारित 21 ओवर में नौ विकेट पर 148 रन बनाए। ओपनर आरव कुमार चंद्रा ने 54 गेंदों पर आठ चौकों की मदद से नाबाद 53 रन की पारी खेली। कप्तान शुभम ने 23 और आदित्य राज ने 18 रन बनाए। टीम के खाते में अतिरिक्त के रूप में 34 रन जुड़े। मंत्रा की ओर से आर्यन शंकर, आदित्य आनंद, अभिमान और रुद्रांश राय ने दो-दो विकेट लिए।

लक्ष्य का पीछा करने उतरी मंत्रा स्पोटर्स एकेडमी की टीम 12.3 ओवर में 71 रन पर सिमट गई। अभिमान ने सर्वाधिक 25 रन बनाए, जबकि अन्य बल्लेबाज दहाई का आंकड़ा नहीं छू सके। आरव ने गेंदबाजी में भी शानदार प्रदर्शन करते हुए दो ओवर में आठ रन देकर तीन विकेट चटकाए। रौनक ने दो, जबकि आदित्य राज और अभिषेक कुमार यादव ने एक-एक विकेट लिया। शानदार ऑलराउंड प्रदर्शन के लिए आरव कुमार चंद्रा को प्लेयर ऑफ द मैच चुना गया।

Read More

अल्फा अंडर-14 कप के फाइनल में गोल क्रिकेट एकेडमी और पटना-11

पटना। अल्फा अंडर-14 कप 2026 के सेमीफाइनल मुकाबलों में गोल क्रिकेट एकेडमी और पटना-11 ने शानदार प्रदर्शन करते हुए फाइनल में जगह बना ली। शुक्रवार को बलुआ स्थित अल्फा स्पोर्ट्स एकेडमी में खेले गये मुकाबलों में गोल क्रिकेट एकेडमी ने टर्फ एरिना को 100 रनों से हराया, जबकि पटना-11 ने अल्फा क्रिकेट एकेडमी, कंकड़बाग को आठ विकेट से पराजित किया। पहले सेमीफाइनल में शिवम सम्राट ने नाबाद शतक जड़ा, वहीं दूसरे मुकाबले में आयुष कुमार ने गेंद और बल्ले दोनों से दमदार प्रदर्शन किया।

शिवम सम्राट का शतक, गोल क्रिकेट एकेडमी की बड़ी जीत

पहले सेमीफाइनल में टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करते हुए गोल क्रिकेट एकेडमी ने निर्धारित 20 ओवर में दो विकेट पर 206 रन बनाये। शिवम सम्राट ने शानदार बल्लेबाजी करते हुए नाबाद 100 रनों की शतकीय पारी खेली। रजनीश रंजन ने नाबाद 55 रन बनाये, जबकि अरसलान जकी खान ने 23 रनों का योगदान दिया। इस तरह टर्फ एरिना के सामने जीत के लिए 207 रनों का लक्ष्य था।

लक्ष्य का पीछा करने उतरी टर्फ एरिना की टीम गोल क्रिकेट एकेडमी की सधी हुई गेंदबाजी के सामने टिक नहीं सकी और 18.3 ओवर में 106 रनों पर ऑलआउट हो गयी। कप्तान आकाश एमएस ने सर्वाधिक 52 रन बनाये, लेकिन उन्हें दूसरे बल्लेबाजों से पर्याप्त सहयोग नहीं मिला। गोल क्रिकेट एकेडमी की ओर से पीयूष शर्मा ने 22 रन देकर चार विकेट झटके। आदर्श कुमार ने तीन और मधुकांत पांडेय ने दो विकेट लेकर टीम की जीत आसान कर दी। गोल क्रिकेट एकेडमी ने 100 रनों से मुकाबला अपने नाम कर फाइनल में प्रवेश किया।

आयुष कुमार का ऑलराउंड प्रदर्शन, पटना-11 फाइनल में

दूसरे सेमीफाइनल में पटना-11 ने अल्फा क्रिकेट एकेडमी, कंकड़बाग को आठ विकेट से हराकर खिताबी मुकाबले में जगह बनायी। पहले बल्लेबाजी करते हुए अल्फा क्रिकेट एकेडमी ने 20 ओवर में आठ विकेट पर 137 रन बनाये। आकर्ष राज ने 44 रन की पारी खेली, जबकि विवेक कुमार ने 26 और अक्षत अवि ने 24 रन बनाये।

पटना-11 की ओर से आयुष कुमार ने शानदार गेंदबाजी करते हुए 13 रन देकर तीन विकेट हासिल किये। स्पर्श ने भी दो विकेट लेकर विपक्षी टीम को बड़ा स्कोर बनाने से रोका। 138 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी पटना-11 की टीम ने 17.3 ओवर में दो विकेट खोकर 138 रन बना लिये। आयुष कुमार ने बल्लेबाजी में भी कमाल दिखाया और 72 रनों की नाबाद पारी खेली। उनकी पारी में आठ चौके और तीन छक्के शामिल रहे। स्पर्श ने 42 गेंदों पर 41 रन बनाकर उनका अच्छा साथ दिया। पटना-11 ने आठ विकेट से जीत दर्ज कर फाइनल में अपनी जगह पक्की की।

दोनों सेमीफाइनल में जीत के साथ गोल क्रिकेट एकेडमी और पटना-11 ने अल्फा अंडर-14 कप 2026 के फाइनल में प्रवेश कर लिया।

Subscribe Now
Do you want to subscribe to our newsletter?

Fill this form to get mails from us.